Friday, 6 February 2009
अठारह प्राइवेट बीएड कालेजों पर लगे ताले
श्रीनगर गढ़वाल, : गढ़वाल विवि से संबद्ध 18 निजी बीएड कालेजों पर ताला लगना लगभग तय है। ये सभी कालेज कट ऑफ मेरिट से नीचे के अभ्यर्थियों और आरक्षित सीटों पर सामान्य श्रेणी के छात्रों को प्रवेश देने के मामले में दोषी पाए गए हैं। इनके खिलाफ विवि प्रशासन ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। विवि ने इन कालेजों की मान्यता निरस्त करने के लिए एनसीटीई से सिफारिश कर दी है। बताया जा रहा है कि वर्तमान सत्र के लिए भी इन कालेजों को बीएड की सीटें आवंटित नहीं की जाएंगी। निजी बीएड कालेजों में कट ऑफ मेरिट का उल्लंघन करने और अनुसूचित जाति के अभ्यर्थियों के लिए आरक्षित सीटों पर सामान्य श्रेणी के छात्रों को प्रवेश देने के मामले में विवि ने गत वर्ष एक जांच कमेटी गठित की थी। प्रो. पीके जोशी की अध्यक्षता वाली जांच कमेटी ने प्रदेश में अठारह निजी बीएड कालेजों को इन मामलों का दोषी पाया। जांच कमेटी ने इन कालेजों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की संस्तुति की थी। कुछ समय पूर्व जांच कमेटी की संस्तुतियों पर विश्र्वविद्यालय की कार्य परिषद ने भी अपनी मुहर लगा दी थी। तभी से माना जा रहा था कि दोषी कालेजों की मान्यता खत्म करने के लिए विवि सख्त कदम उठा सकता है। विश्वविद्यालय के उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार कालेजों की मान्यता खत्म करने के लिए विवि प्रशासन ने एनसीटीई से सिफारिश की है। इस संबंध में एनसीटीई को पत्र भेज दिया गया है। बताया जा रहा है कि इन निजी बीएड कालेजों को इस वर्ष गढ़वाल विश्र्वविद्यालय द्वारा बीएड की सीटें भी आवंटित नहीं की जा रही