Tuesday, 10 February 2009
पैसा है, बजट है, पर जगह नहीं
देहरादून।
आयुष प्रदेश में पंचकर्म का सफर बहुत धीरे से बढ़ रहा है। केंद्र सरकार नेशनल रूरल अरबन हेल्थ मिशन (एनएचआरएम) में थैली खोले बैठी है। पंचकर्म के सामान और इंफ्रास्ट्र1चर डेवलपमेंट के लिए पर्याप्त बजट है। मगर जगह की कमी इन सारे प्रयासों पर पानी फेर रही है। जैसे-तैसे जिला मु2यालयों पर पंचकर्म यूनिटों को शुरू किया गया, पर असल दि1कत इन्हें पीएचसी और सीएचसी तक ले जाने में है।वैसे, आयुर्वेद निदेशालय के अनुरोध पर एक बार फिर स्वास्थ्य महानिदेशक ने सीएमओ को अस्पतालों में पंचकर्म यूनिट के लिए जगह उपल4ध कराने के लिए कहा है। अब इस पर कार्यवाही कब तक होती है, यह तो कुछ दिन बाद ही पता चल पाएगा। स्थिति ये है कि दून हॉस्पिटल में भी स्थानाभाव के चलते पंचकर्म यूनिट ढंग से काम नहीं कर पा रही है। कोटद्वार में पंचकर्म का सामान पड़ा है, मगर उपयोग नहीं हो पा रहा है।
प्रदेश में २० से ज्यादा पीएचसी, सीएचसी में पंचकर्म यूनिट खोलने के लिए जरूरी सामान पहुंच चुका है। लेकिन यहां भी जगह का ही रोना है। संविदा पर स्टाफ की नियु1ित पर भी कोई न कोई पेंच अटका हुआ है। आयुष निदेशक डा. पूजा भारद्वाज के अनुसार स्थान की दि1कत दूर करने के लिए पूरे प्रयास चल रहे हैं।